सिम्रौनगढ़ (बारा) । बारा के सिम्रौनगढ़ नगरपालिका–६, छोटकी इटवाल में छाड़ा कुकुर के हमला से एगो स्थानीय किसान के गोठ पूरा खाली हो गइल बा। एतवार रात में खोर तोड़ के भीतर घुसल छाड़ा कुकुर के झुंड स्थानीय किसान नाजिर हुसैन “भोटू” अंसारी के ८ गो खसी-बकरा के मार दिहलस, जेसे इलाका में डर के माहौल बन गइल बा।
पीड़ित किसान अंसारी के कहनाम बा कि रात के समय खोर में घुसल कुकुर सभ २५ से ३० किलो वजन वाला २ गो खसी, २ गो बकरी आ ४ गो छोट पाठा-पाठी मिलाके कुल ८ गो जानवर मार दिहलस। एह घटना से करीब एक लाख रुपिया के नुकसान भइल बा। सबेरे जब ऊ गोठ में गइलन त बकरा सभ के मरा हालत में देख के दंग रह गइलन।
सिम्रौनगढ़ इलाका में एहसे पहिले भी कई जगह छाड़ा कुकुर के हमला से पशुचौपाया मरल के घटना सामने आ चुकल बा। बार-बार अइसन घटना से स्थानीय लोग अब अपना पशुधन के सुरक्षा लेके बहुत चिंतित बा।
“पशुधन त खत्म हो गइल, अब त बाल-बच्चा के बाहर भेजे में भी डर लागता,” अंसारी कहलन। ऊ बतवलन कि टोल-टोल में झुंड के झुंड घूमत छाड़ा कुकुर किसान लोग के महीना भर के मेहनत एक रात में बरबाद कर देत बा, बाकिर जिम्मेवार निकाय ध्यान नइखे देत।
छाड़ा कुकुर के व्यवस्थापन के जिम्मा लेके भी नगरपालिका ठोस कदम नइखे उठावत, जेकरे चलते स्थानीय लोग परेशान बा। कई बेर ध्यान खींचल गइल, लेकिन असरदार काम ना भइल, एह बात से लोगन में नाराजगी बढ़ गइल बा।
स्थानीय बासिन्दा मांग करत बाड़े कि कुकुर के सही ढंग से नियंत्रण (जइसे बंध्याकरण आ व्यवस्थापन) कइल जाव आ बाल-बच्चा के सुरक्षा सुनिश्चित कइल जाव। छाड़ा कुकुर के बढ़त संख्या से सिम्रौनगढ़ के जनजीवन दिन-ब-दिन असुरक्षित होत जा रहल बा, आ समय पर कदम ना उठावल गइल त अइसन घटना अउरी बढ़ सकेला।

