रोजगार अनुमति प्रणाली (ईपीएस) के माध्यम से दक्षिण कोरिया में रोजगारी खातिर सञ्चालन होखे वाला कोरियाली भाषा परीक्षा में तोकाइल कोटा से साढ़े सात गुना से अधिक आवेदन पड़ल बा।
वैदेशिक रोजगार विभाग अन्तर्गत ईपीएस कोरिया शाखा के अनुसार, सन् २०२६ खातिर कुल ७ हजार २ जना श्रमिक के माग रहल, जवना खातिर ७६ हजार १७२ जना युवा आवेदन दर्ता करवले बाड़ें।
दक्षिण कोरिया नेपाली श्रमिकन खातिर कमाइ के हिसाब से आकर्षक आ तुलनात्मक रूप से सुरक्षित गन्तव्य मानल जाला। एही कारण भाषा परीक्षा देवे वाला के संख्या बेसी रहल विभागकी महानिर्देशक मीरा आचार्य बतवली।
शाखा के सार्वजनिक कइल तथ्याङ्क अनुसार, उत्पादन क्षेत्र में ५ हजार कोटा खातिर सबसे बेसी ५२ हजार १२१ जन आवेदन पड़ल बा। कृषि तथा पशुपालन क्षेत्र में २ हजार जन के माग पर २२ हजार ५१ जन फारम भरले बाड़ें।
ओही तरह, सेवा आ वन क्षेत्र में एक-एक सय जन के कोटा तोकाइल रहे। दूनो क्षेत्र में एक-एक हजार जन आवेदन दर्ता करवले बाड़ें।
पहिले एगो व्यक्ति कई गो क्षेत्र में फारम भरला से व्यवस्थापन में समस्या होखला के कारण एह बेर एक व्यक्ति खाली एगो क्षेत्र खातिर आवेदन दे सके, अइसन कड़ा नियम लागू कइल गइल रहे।
ईपीएस कोरिया शाखा के अनुसार, पहिला चरण के भाषा परीक्षा पास कइला के बाद छनोट कइल गइल क्षेत्र बदलल ना जा सकेला। दोसरा चरण के सीप परीक्षण आ कार्यक्षमता मूल्याङ्कन में सफल भइला के बादे श्रमिक लोग अंतिम छनोट प्रक्रिया में शामिल हो सकेला।

